राजस्थान में तीन दिन दिखाई देगी बिपरजॉय चक्रवात की तूफानी तबाही, पांच जिलों में रेड अलर्ट, हो जाएं सावधान !

biparjoy cyclonic stormसिरोही। अरब सागर से उठा चक्रवाती तूफान बिपरजॉय तेजी से आगे बढ़ रहा है। राजस्थान में तीन दिन तक तूफानी तबाही का आलम दिखाई दे सकता है। तूफान की तीव्रता देखते हुए पूरे राजस्थान में सतर्कता और सुरक्षा के इंतजाम रखने के निर्देश दिए हैं। बता दें कि 16 से 18 जून तक पांच जिलों में रेड अलर्ट रहेगा। यहां 200 एमएम से ज्यादा बारिश और 80 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से आंधी चलने की संभावना है। जबकि दर्जनभर से अधिक जिलों में भारी बारिश और अन्य जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी है।

तूफान को देखते हुए पाली में 1100, जालोर में 1000 और सिरोही जिले में करीब 800 से अधिक कर्मचारी तैनात किए हैं। सिरोही में जिला कलक्ट्रेट सहित आधा दर्जन से अधिक विभागों और उपखण्ड मुख्यालयों में कंट्रोल रूम भी बनाए गए हैं। मुख्यालय मौसम केन्द्र जयपुर निदेशक आर.एस. शर्मा का कहना है कि बिपरजॉय का असर 16 जून से दिखाई देगा और 20 जून तक रहने की उम्मीद है। 16 जून को बाड़मेर और जालोर में दोपहर से ही भारी बारिश और आंधी का दौर शुरू हो सकता है। उधर, 17 जून को चक्रवाती तूफान का सबसे ज्यादा असर दिखाई देगा।

बढ़ रहा है रेड अलर्ट का दायरा
मौसम विभाग ने 14 जून को 16 व 17 जून के लिए रेड अलर्ट जारी किया था, लेकिन 24 घंटे बाद ही तूफान की तीव्रता बढ़ी है। अब 18 जून के लिए भी रेड अलर्ट जारी किया है। माना जा सकता है कि गुजरात से प्रवेश करने वाली चक्रवाती तबाही अजमेर जिले तक अपना असर दिखाएगी। मौसम विभाग ने बाड़मेर, जालोर, पाली, जोधपुर और अजमेर जिले के लिए रेड अलर्ट जारी किया है।

राजस्थान 1998 में झेल चुका है चक्रवात का असर
मौसम विभाग की मानें तो अरब सागर से उठा तूफान 1998 में जून के दौरान ही राजस्थान में तबाही के निशां छोड़ चुका है। उस दौरान गंभीर साइक्लोन था, जो गुजरात से तबाही मचाता हुआ जोधपुर तक आया था। उस दौरान जोधपुर, जालोर और आसपास इलाकों में भारी बारिश का दौर चला था। बता दें कि 5 जून को अरब सागर में बने गंभीर साइक्लोन का असर 10 जून तक रहा था। इस बार अति गंभीर साइक्लोन आने को है, जिसे लेकर रेड अलर्ट जारी किया है।

एसडीआरएफ, आपदा प्रबंधन व पुलिस सहित सिरोही जिले में 800 से अधिक कर्मचारी तैनात
बिपरजॉय तूफान को देखते हुए सिरोही जिला प्रशासन अलर्ट मोड में है। प्रशासन ने तूफान को देखते हुए एसडीआरएफ, पुलिस, आपदा प्रबंधन व संबंधित अन्य विभागों की टीमें गठित कर 800 से अधिक कर्मचारी तैनात किए हैं। एडीएम कालूराम खौड ने बताया कि जोधपुर से आई एसडीआरएफ की एक टीम सिरोही और एक टीम आबूरोड में तैनात की गई है। साथ ही आपदा प्रबंधन, जिले के सभी एसडीएम, बीडीओ, ईओ, तहसीलदार व सभी विभागों के 150 से अधिक अधिकारी-कार्मिकों की मिटिंग लेकर निर्देश दे दिए हैं। इधर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सिरोही बृजेश सोनी ने बताया कि इस चक्रवाती तूफान को देखते हुए जिले के 18 पुलिस थानों में करीब 600 पुलिसकर्मियों की 50 टीमें गठित कर सभी को अलर्ट कर दिया है।

यूं दिखाई देगा तीन दिन असर
16 जून को जोधपुर, उदयपुर और बीकानेर संभाग के कई स्थानों पर हल्की से मध्यम वर्षा के साथ गरज के साथ छींटे और जोधपुर संभाग के अलग-अलग स्थानों पर अत्यधिक भारी से बहुत भारी वर्षा होने की संभावना है। बाड़मेर और जालोर में चक्रवाती तूफान का रेड अलर्ट है। जबकि जैसलमेर, जोधपुर, पाली, सिरोही में भारी बारिश हो सकती है। उधर, बीकानेर, राजसमंद, उदयपुर, डंगरपुर जिले के लिए यलो अलर्ट जारी है।

17 जून को जोधपुर, उदयपुर और अजमेर संभागों में कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी वर्षा और अलग-अलग स्थानों पर अत्यधिक भारी वर्षा और बीकानेर और जयपुर संभागों में अलग-अलग स्थानों पर भारी वर्षा के साथ वर्षा की तीव्रता में वृद्धि होगी। बाड़मेर, जोधपुर, जालोर और पाली के लिए चक्रवाती तूफान रेड अलर्ट है। जबकि नागौर, जैसलमेर, अजमेर, राजसमंद, भीलवाड़ा, उदयपुर, सिरोही और टोंक में भारी बारिश होगी। उधर, बीकानेर, चूरू, सीकर, जयपुर, चित्तौडगढ़़, प्रतापगढ़, डूंगरपुर और बांसवाड़ा में बारिश का यलो अलर्ट जारी है।

18 जून को अजमेर के लिए चक्रवाती तूफान का रेड अलर्ट जारी है। जबकि नागौर, सीकर, पाली, भीलवाड़ा, बूंदी, टोंक, सवाईमाधोपुर जिले में भारी बारिश होगी। उधर, जयपुर, जोधपुर, चूरू, दौसा, अलवर, करौली, सीकर, झुंझुनूं, चित्तौडगढ़़ और राजसमंद में बारिश का यलो अलर्ट जारी है।



Source: Sirohi News